JSA (Job Safety Analysis) in Hindi या JSA को हिन्दी में पढ़ें

JSA(Job Safety Analysis ) किसी भी कम को छोटे-छोटे भागों में तोड़ कर hazards को identify करना और उससे संबन्धित precaution  देने का एक process है.ऐसे स्थानो पर JSA का प्रयोग किया जाता है जहाँ पर risk का level high होता है अर्थात ऐसे स्थानो पर जहाँ अत्यधिक दुर्घटना की संभावना होती है ऐसे स्थानों पर JSA  procedure को follow करते हैं.

Definition of JSA –

“JSA (Job Safety Analysis ) काम तो छोटे-छोटे भागों में तोड़ना और उससे संबन्धित hazards को पहचानना (identify ) और उन संभावित खतरों से बचने के solution ढूँढने का एक process है”.

JSA  is a Procedure  to Make a Job Safe by-(JSA  किसी भी काम को सुरक्षित बनाने का एक procedure है)

JSA के माध्यम से किसी भी काम को ज्यादा से ज्यादा सुरक्षित बना सकते हैं अगर निम्नलिखित बिन्दुओं को follow  करते हैं-

1.JSA के माध्यम से सबसे पहले जो work होने जा रहा है उसमें hazards को या संभावित दुर्घटना को प्रत्येक step में ढूँढते है.

2.Work को जितने भागों में तोड़ा गया है उस से प्रत्येक step में पाये गए hazards के solution को ढूँढते हैं या risk का जो level है उसे eliminate करने का प्रयास करते हैं.

3.कुछ work ऐसे होते हैं जिसमे एक से अधिक अधिक संभावित खतरों को नहीं ढूँढ पाते हैं लेकिन कुछ hazards ऐसे होते हैं जिनमे एक से अधिक खतरे जुड़े होते हैं, तो hazards को ढूँढते समय इस बात का पूर्ण ध्यान देना चाहिए कि कौन से step में एक से अधिक संभावित खतरे हैं और उसका solution क्या है?

4.जब एक बार आप confirm  हो लें कि उस proper work में कितने steps हैं और उस प्रत्येक step में कितने कितने संभावित ख़तरे है तो उसका hazards का proper solution ढूँढें.

5.जब हम पाये गए hazards का solution ढूँढते हैं तो कुछ ऐसे hazards होते हैं जिसमे physical change  की ज़रूरत पड़ती है जैसे-कोई moving machinery part है उसके ऊपर guard को लगाना आवश्यक होता है या कुछ ऐसे खतरे होते हैं जिसमे job procedure को बदल कर hazards को eliminate करते हैं या खतरे को minimize कर सकते हैं.जैसे-safe pilling of material

6.JSA किसी भी काम में होने वाले खतरे और उसका समाधान ढूँढने या फिर खतरे के level को कम करने का, action लेने का एक तरीका है.

इसे भी पढ़ें-

MSDS (Material Safety Data Sheet) Meaning Certificate Full Form Format in Hindi-

Types of Hazards in Hindi | संभावित खतरों के प्रकार

First Aid Procedure in Hindi

Benefit of JSA (Job Safety Analysis के फायदे)-

1.Training of new  employees(नए कर्मचारी को training उपलब्ध कराना)-

Company की यह responsibilities होती है कि जितने भी new employee आते हैं उनको training उपलब्ध कराना चाहे वह कितना भी experienced person क्यों का ना हो.क्योंकि हर के company की अपनी अलग-अलग safety policy होती है ऐसे में व्यक्ति को अपने वर्तमान company मे safety policy को जानना उतना आवश्यक होता है जितना की आठ घंटे proper नीद लेना.

2.Accident Investigation Tools –

JSA के माध्यम से जितने भी tools होते हैं जो काम के दौरान दुर्घटना उत्पन्न करते हैं उन सभी tools को investigate करते है और फिर उस tools से किसी भी प्रकार का दुर्घटना न हो यह प्रयास करते हैं.JSA इस काम को काफी हद तक आसान कर देता है जिससे tools के माध्यम से बहुत कम दुर्घटना घटित होती है.

3.Supervisor Evaluation  Tools –

JSA के माध्यम हम उस necessary tools का पता करते हैं जो काम के दौरान supervisor के तरफ से workers को उपलब्ध कराया जाता है.इसके माध्यम से यह भी जान लेते हैं कि जो tools है proper work के लिए है या नहीं या दूसरी भाषा में कह सकते हैं काम के अनुसार supervisor के तरफ से proper tools को supply किया जा रहा है या नहीं.

अगर काम के अनुसार टूल्स नहीं दिया जाता है तो supervisor के माध्यम से यह जानने का प्रयास करते हैं कि आखिर workers को वह tools क्यों नहीं दिया जा रहा है जिसकी उन्हे ज़रूरत है.यह JSA के माध्यम से आसानी से पता कर लेते हैं, फिर उसका समाधान करते हैं.

4.Consistency in Training –

Company में दुर्घटना को कम करने के लिए हर रोज सुरक्षा से संबधित training देते हैं जिससे कि workers के अंदर safety से संबन्धित जागरूकता आ सके.लेकिन जागरूकता कब आएगी जब training  में नियमितता बनी रहे.अगर training में consistency नहीं बन पाती है तो हम देखते हैं कि company में दुर्घटना बढ़ गया है.इसलिए ज़रूरी हैं कि company के अंदर training में consistency बनी रहे जिससे दुर्घटना के स्तर को कम किया जा सके.

5.Injury Reduction –

आप खुद सोचिए कि जब हम JSA करते हैं तो हमारी प्राथमिकता होती है कि हम ज्यादा से ज्यादा hazards को identify करें और उस hazards का solution ढूँढते है.अब ऐसे में संभावित खतरों से संबन्धित precaution ढूँढ लिए और उपलब्ध क्या दिया तो ऐसे में injury कि संभावना कम हो जाती है.यह JSA का सबसे बड़ा benefit है.

6.Method Improvement-

जब किसी भी work के दौरान JSA procedure को follow  करते हैं, hazards ढूँढते हैं और उससे संबन्धित precaution उपलब्ध कराते हैं, फिर भी देखते हैं कि जितना दुर्घटना में गिरावट आनी चाहिए उतनी नहीं आती है अर्थात जितना JSA का benefit मिलना चाहिए उतना नहीं मिल पाता है तो हम method को improvement करते हैं अर्थात काम करने का जो procedure होता है उसमे परिवर्तन करते हैं फिर देखते हैं कि कहीं न कहीं दुर्घटना कम होता है और injury का level काफी नीचे आ जाता है.

इसे भी पढ़ें-

Welding types and Definition

Hazard Identification and Risk Assessment(HIRA) in Hindi । संभावित खतरों की पहचान और उसका Risk Assessment.

Procedure Of JSA (JSA  ka Procedure )-

  • सबसे पहले जो work होता है उस को अलग-अलग भाग में तोड़ लेते हैं और उसे क्रम में सजा लेते हैं कि कार्य से संबन्धित किसी भी प्रकार का hazards को पहचानने में समस्या न हो.
  • जितने भी steps में काम को break किया गया है उससे संबन्धित हर एक step में job से संबन्धित hazards को identifying करें.
  • जब प्रत्येक step में hazards को identify कर लेते हैं तो उसका solution ढूँढते हैं और उसे लागू करते हैं जिससे accident पर control किया जा सके.

Step 1- Select the Job-

सबसे पहले हम ये देखते हैं कि कौन से job में risk का level high है फिर ऐसे कार्य को JSA  Procedure के लिए चुनते हैं.

Step 2- Perform  the Analysis-

जब हम किसी भी work को JSA Procedure के लिए चुनते हैं तो चुनने के पश्चात उस कार्य को analysis करते हैं कि क्या जिस काम को JSA के लिए चुना गया है वह काम perfect है या नहीं अर्थात यह काम JSA Procedure के लिए सटीक है या नहीं और उसके बाद कम को छोटे-छोटे भागों में तोड़ लेते हैं

Step 3 –Identify the Hazard-

तीसरे step में हम जो काम को छोटे-छोटे भागों में तोड़ा है उस में hazards को पहचाने हैं वो भी प्रत्येक step में अर्थात जितने भागों में काम को विभक्त किया है उतने भागों में.

Step 4- Develop the Solution –

जब हम उस कार्य और उससे संबन्धित खतरों को पहचान लेते हैं फिर उसका समाधान ढूँढते है. समाधान ढूँढते यह देखते हैं कि सबसे सटीक समाधान कौन है और उसी को follow करते हैं.क्योंकि एक काम करने का एक से ज्यादा तरीके हो सकते हैं, और उसमे जो सबसे सही ढंग होता है उसी को apply करते हैं.

Step 5-Conduct the follow –up Analysis-

जब किसी भी कार्य के लिए JSA बनाया जाता है तो काम को छोटे-छोटे भागों में तोड़ कर कर उस कार्य से संबन्धित संभावित खतरे को तालाश कर उसका solution ढूँढते हैं.फिर उसके पश्चात जब JSA को complete कर लेते हैं तो पुनः दुबारा follow—up  analysis करते हैं कि क्या जिस कार्य के लिए JSA बनाए हैं उसमे कहीं कुछ संभावित खतरे तो छूटे तो नहीं जो दुर्घटना का कारण बन सकता है.

जब पूर्ण रूप से संतुष्ट हो लेते हैं कि कोई संभावित खतरा नहीं छूटा है और उससे संबन्धित solution भी नहीं तो फिर हम अगले step की  तरफ बढ़ते हैं.

Step 6-Use of Job Safety Analysis-

जब खुद को संतुष्ट कर लेते है और सभी step को follow  अनुसरण कर लेते हैं तो फिर JSA  का प्रयोग करते हैं और फिर देखते हैं injury काफी हद तक कम हो गया है.

Step 7 –Record keeping

जिस JSA format को कार्य के लिए बनाते हैं तो उसे recordkeeping के लिए रख लेते हैं.इसका सबसे बड़ा benefit तब पता चलता है कि जहां आप JSA procedure को follow किया है और वहाँ पर किसी भी प्रकार कि दुर्घटना घटित हो गयी. और उस स्थान पर safety  officer के काम पर उँगली उठने लगा, तो ऐसे में safety officer उन सभी document को high management के सामने प्रस्तुत करके सबकी बोलती बंद कर सकता ही कि उसने काम के दौरान किसी भी प्रकार कि लापरवाही नहीं बरती है. और उस सभी procedure को follow किया है, जो किसी भी worker की सुरक्षा के लिए किया जाना चाहिए.इसलिए ज़रूरी है की जितने भी documentation work करें उसे as a recordkeeping रख लें.

“अगर यह post आप को अच्छा लगे तो इसे शेयर करना न भूलें”

इसे भी पढ़ें-

Respiratory Protection in Hindi

ADIS(Advance Diploma in Industrial Safety) Scope in Hindi

Safety Motivational Speech in Hindi

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *