July 27, 2021
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Chemical Safety in Hindi or Chemical Safety Rules in Hindi

आप हम इस पोस्ट में chemical safety के बारे में जानेंगे.Chemical Factory के अंदर काम करने वाले employees को chemical के संपर्क में आने की संभावना बनी रहती है.संपर्क में आने वाले व्यक्ति की दुर्घटना इस बात पर निर्भर करता है कि chemical कितना खतरनाक है और reaction करने के पश्चात वह कितना खतरनाक होता जाता है .

Chemical Safety ke baare me

इसलिए ऐसे स्थानो पर काम करने के दौरान जितने भी chemical आप के आस-पास होता है उससे होने वाले खतरों के बारे में और उससे संबन्धित precaution के बारे में पूर्ण जानकारी होनी चाहिए.

यह इसलिए ज़रूरी है कि अगर कोई व्यक्ति उसके संपर्क में आता है तो उसका प्राथमिक उपचार दिया जा सके, जिससे वह खतरे से बाहर हो सके.

आज इस chemical safety संबन्धित post के माध्यम से हम आप को chemical से होने वाले hazards, precaution और safely handling के बारे में जानेगे कि अगर आप कहीं काम कर रहे हो या काम करने के लिए जा रहे हों तो यह topic आप को पूरा सहयोग करे.जिससे आप कार्य स्थल पर सुरक्षा और स्वस्थ के लिए workers का पूरा सहयोग कर सकें.

अतः सबसे पहले chemical hazards के बारे में जाने हैं.जब यह जानेगे तभी तो precaution के बारे में discuss करेंगे.

Types of Chemical Hazards (Chemical Hazards ke Prakar )-

Chemical Hazards मुख्यतः दो प्रकार के होते हैं पर इसमें और भी categories होते हैं उसके बारे में चर्चा करेंगे.लेकिन पहले जो two types के chemical hazards होते हैं उनको जानते हैं-

Chemical Hazards

1.Physical Hazards –

कोई भी ऐसा chemical जो व्यक्ति को physically harm करता है अर्थात हमारे body को नुकसान पहुँचता है तो इसे हम physical hazards कहेगें.

Example of Physical Hazards-

a.Explosive –

कोई भी chemical जो fire या heat के संपर्क में आने पर विस्फोट करता है,तो उससे physical injury होने के chance रहते हैं. जैसे-Acetone Peroxide

यह Acetone Peroxide विस्फोटक पदार्थ है जो heat के संपर्क में आने पर विस्फोट करता है और इसके संपर्क में आने पर यह physical harm  के लिए काफी होता है.इससे skin burn हो सकता है या व्यक्ति की death  हो सकती है.

b.Compressed Gas-

बहुत ऐसे chemical होते हैं जिसे हम pressurized करके रखते हैं.जैसे-Propane, Butane .अगर यह फटता है और कोई व्यक्ति इसके संपर्क में आता है तो इससे भी physical injury हो जाती है.

c.Combustible and Flammable Liquids-

कोई भी जलने वाला chemical liquids वह भी एक hazards है क्योंकि यह जलता है और हमें यह burn कर सकता है अर्थात physical injured कर सकता है.जैसे –Methonal यह भी एक flammable chemical है.अगर यह heat के संपर्क में आता है तो जलता है और कोई व्यक्ति इसके संपर्क में आता है तो जल सकता है.यह भी physical injury का उदाहरण है.

d.Unstable-

ऐसा कोई भी chemical जो किसी भी chemical के संपर्क में और तेजी के साथ जलने लगता है.अगर कहीं chemical को store किया जा रहा है तो store करने से पहले यह देख लेना चाहिए कहीं यह unstable chemical तो नहीं.

अन्यथा आपस में संपर्क करने के पश्चात यह भीषण दुर्घटना का करना बन सकता है और इसके संपर्क में आने वाले व्यक्ति को physical injury  की संभावना रहती है.जैसे-Nicotine इसे unstable chemical कर सकते हैं जो किसी और chemical से संपर्क करने पर तेजी से जलने लगता है.

e.Water Reaction-

ऐसे बहुत सारे chemical होते हैं जो water से reaction करने के पश्चात heat उत्पन्न करते हैं और वहाँ fire होने की संभावना रहती है.जैसे- Sulphuric acid

Sulphuric  acid  अगर पानी से क्रिया (reaction) करता है तो बहुत ज्यादा मात्रा में heat उत्पन्न होता है.अगर कोई व्यक्ति इसके आस-पास होता है तो उसके जलने की संभावना रहती है.इसे नही physical hazards के उदाहरण के रूप में प्रस्तुत कर सकते हैं.

जब हम sulphuric acid store कर रहे हों यह देख लें की उसके आस-पास कहीं water तो नहीं है.इसके अलावा बरसात के दिनों में यह देखते रहना चाहिए कि कहीं दीवाल से पानी का रिसाव तो नहीं हो रहा है.रिसाव को ignore करना एक बड़े हादसे का कारण बीएन सकता है.

f.Oxidizer- 

इसमें ऐसे chemical आते हैं जो self-reactive  होते हैं.अगर हम इन्हे खुले में छोड़ देते हैं तो वहाँ जितने भी oxygen  होते हैं उन्हे यह खत्म कर देते हैं.ऐसे में अगर वहाँ कोई व्यक्ति उपस्थित होता है तो आक्सीजन के आभाव में वह व्यक्ति unconscious अवस्था में पहुँच जाता है और समय पर medical treatment न दिया जाये तो व्यक्ति कि मृत्यु भी हो सकती है.जैसे-Aluminum  Nitrate

अगर कहीं भी aluminum  nitrate को store कर रहे हैं तो उसे बंद डब्बे में store करें जिससे कि वह आक्सीजन के संपर्क में न आए. अन्यथा यह भी बड़े हादसे का कारण बन सकता है.

 2.Health Hazards –

Chemical safety kya hota hai

कोई भी chemical हमारे सेहत को तब प्रभावित करता है जब वह हमारे शरीर के अंदर प्रवेश करता है.ऐसे hazards को हम health hazards  कहते हैं.

किसी भी chemical को शरीर के अंदर प्रवेश करने के 4 रास्ते हैं जिन्हे हम नीचे देखेंगे.

Heath hazards के उदाहरण के माध्यम से समझने से पहले यह जानते हैं की यह हमारे शरीर के अंदर प्रवेश कैसे करता है.अगर यह chemical अंदर नहीं पहुँचते हैं और बाहर ही हमारे शरीर को प्रभावित करते हैं तो यह physical injury में गिना जाएगा.

a.Inhalation ( साँस लेने के दौरान)-

अगर हम chemical environment में हैं और वहाँ हम साँस ले रहे हैं ऐसे में जो chemical के vapor निकलते हैं वह अंदर जा सकते हैं जो internal organ को defective कर सकते हैं.

ऐसे में अगर ऐसे स्थानो पर काम कर रहे हों जहाँ chemical रखे हुये हैं तो वहाँ उसके vaporization की संभावना बन रही है तो वहाँ काम के दौरान Personal Protective Equipment (PPE ) ले लेना चाहिए.PPE जो स्वास से संबन्धित होना चाहिए और उसके साथ यह देख लेना चाहिए कि उस area में proper ventilation है या नहीं.

अगर यह सभी उपलब्ध हैं तभी काम करने की अनुमति देनी चाहिए या काम के लिए agree होना चाहिए.

b.Absorption (आँखों के द्वारा या स्किन के द्वारा )-

अगर कोई भी chemical आँखों के द्वारा अंदर जाता है तो पहले यह आँख को damage करता है और इसी process को हम absorption कहते हैं.

जब कोई chemical handling किया जा रहा हो तो वहाँ पर safety goggle पहनना अनिवार्य होता है.यह इसलिए की absorption की घटना न हो जाये.

इसके अलावा अगर कोई chemical skin के संपर्क में आता है तो skin उसको absorbed कर लेता है तो ऐसे में वह शरीर के अंदर प्रवेश कर जाता है.इस क्रिया को भी absorption कहते हैं.

इसलिए जब chemical को handling करते हैं तो rubber hand gloves पहनना और पूरे शरीर को ढकना अनिवार्य होता है.जिससे chemical के द्वारा होने वाली दुर्घटना से बचा जा सके

c.Ingestion (मुँह के द्वारा)-

अगर किसी chemical को छूए हो या प्रयोग किए हैं या chemical handling  करने के पश्चात हाथ को न धोएँ हों तो और किसी खाद्य सामाग्री को उठाकर खाना शुरू कर दिये हैं तो ऐसे में वह मुँह के रास्ते हमारे शरीर के अंदर पहुँच सकता है और हमारे internal organ अर्थात पेट को damage कर सकता है.

d.Injection  (पैर या हाथ के कटने से)

अगर हम chemical environment में हैं ऐसे में अगर किसी ग्लास के टुकड़े से या किसी sharp object से हमारे शरीर का कोई भाग कट जाता है और ऐसे में उस पर कोई chemical लगा हो तो ऐसे में वह हमारे शरीर में transfer कर सकता है.जो शरीर के internal organ को damage कर सकता है.ऐसे प्रक्रिया को injection कहा जाता है.

इसलिए जब chemical environment में काम किया जाता है तो shoes के साथ proper PPE का प्रयोग कर लिया जाता है जिससे होने वाली दुर्घटना से बचा जा सके.

Health Hazards of a Chemical-

Chemical Safety in work place

निम्नलिखित बिन्दुओं के माध्यम से chemical से effected होने वाले health hazards के बारे में समझते हैं-

a.Toxics  or Highly Toxic Agent-

अगर कोई भी chemical है जो आप के health को effective कर सकता है तो उसके संपर्क में आने से बचें.बिना आवश्यकता के उस स्थान पर कदापि न जाएँ जहाँ यह store किया गया है.

अगर ऐसे स्थानो पर जाना आवश्यक है तो बिना PPE  लिए न जाएँ.भले आप का काम वहाँ कुछ ही मिनट का क्यों न हो.

b.Irritants-

कोई भी ऐसा chemical जिससे संपर्क के आने के पश्चात स्किन जल जाये या खुजली उत्पन्न हो जाये तो इसे irritants कहते हैं.इसे भी health  hazards की श्रेणी में रखते हैं.

c.Corrosive –

कुछ ऐसे chemical होते हैं जो शरीर पर गिरने के पश्चात आप के tissues और cells को damage करते हैं तो ऐसे chemical को corrosive chemical कहते हैं.यहा भी health hazard का example है.

d.Sensitizer-

यह एक ऐसा chemical है जिसके संपर्क में आने वाले व्यक्ति को खुजली होती है या चक्कर आता है.काम के दौरान ऐसे chemical के संपर्क में आने से बचना चाहिए.

e.Hepatotoxins –

यह भी chemical बहुत danger होता है.जब इसे कोई व्यक्ति inhale कर लेता है तो उसके liver के damage होने की पूरी संभवना रहती है.जहाँ भी hepatotoxins रखा गया हो वहाँ जाने से बचना चाहिए.बहुत emergency के case में वहाँ जाये वो भी full PPE के साथ.

f. Nephrotoxins-

अगर यह chemical mouth के द्वारा या injection के माध्यम से हमारे शरीर में प्रवेश कर जाता है तो सबसे पहले यह kidney के cells को damage करता है.यह एक chemical hazards है जो संपर्क में आने वाले व्यक्ति को physical injured कर सकता है.

g.Neurotoxins-

Neurotoxins भी एक प्रकार का chemical है.अगर हम इसे inhale करते हैं या smell करते हैं तो यह हमारे nerves system को प्रभावित कर सकता है.इसके smell करने या inhale करने वाले व्यक्ति को चक्कर आ सकता है या nerves system को damage कर सकता है.

जब हम chemical environment में काम करें तो यह देखें की proper respiratory काम कर रहा है उपलब्ध है या नहीं.जैसे-SCABA ,CABA ,APR या ASR उपलब्ध है या नहीं.जब यह respiratory protection उपलब्ध हो तभी हम ऐसे environment में काम करने के लिए हाँ भरे जहाँ chemical hazards होने की संभावना होती है.

Safe Handling and Storage of Dangerous Chemical-

1.कभी तो दो तरह के chemical को एक साथ store नहीं करना है.एक साथ store करने के पश्चात वह एक दूसरे से reaction कर खतरा उत्पन्न कर सकते हैं.

2.यही आप किसी chemical का प्रयोग करने जा रहे हैं तो सबसे पहले MSDS के बारे में जाना लें.अन्यथा chemical की संपर्क में आने के पश्चात physical hazards होने की संभावना रहती है.

MSDS पढ़ने के लिए लिंक पर click करें.

MSDS (Material Safety Data Sheet) Meaning Certificate Full Form Format in Hindi-

3.कभी भी खाली और भरे हुये container को अलग-अलग store करें.Container में बचा हुआ थोड़ा भी chemical अन्य chemical से reaction करने पर बड़ा खतरा उत्पन्न कर सकता है.

4.कोई भी chemical उसे न सूँघे या सूँघ कर उसे पहचानने की कोशिश न करें.खतरनाक होने के पश्चात यह आप के internal organ को नुकसान पहुँचा सकता है.

5.जब chemical handling किया जा रहा हूँ तो यह सुनिश्चित हो लें कि handling के दौरान proper PPE का प्रयोग किया जा रहा है या नहीं.

6.जिस भी container में chemical रखा गया है उस container पर chemical का नाम और  safety से संबन्धित level लगा होता चाहिए और उसके संपर्क में आने के पश्चात first aid procedure के बारे में उस container पर लिखा होना चाहिए.

7.जहाँ chemical का प्रयोग किया जा रहा हो यह handling किया जाना हो ऐसे स्थानो पर first aid box का होना ज़रूरी होता है.जिससे संपर्क में आने वाले व्यक्ति को बिना विलंब किया first aid दिया जा सके.

8.जो कार्य स्थल हो अर्थात chemical store किया गया हो वह area पूर्ण रूप से clean होना चाहिए, अन्यथा chemical किसी भी तरह अगर व्यक्ति से संपर्क में आता है या उसके शरीर में प्रवेश कर जाता है तो वह दुर्घटना का कारण बन सकता है.इसलिए work शुरू होने से पहले area को पूरी तरह से साफ करा देना चाहिए.

9.जो व्यक्ति chemical का प्रयोग कर रहा है,प्रयोग के बाद अपने कपड़े को बदल ले और हो सके तो नहा ले जिससे खतरे की संभावना खत्म हो जाए.

10.जब chemical handling किया जा रहा हो यह देखना चाहिए कि handling करने वाला व्यक्ति कहीं काम को बीच में रोककर खा-पी तो नहीं रहा है.जैसे आप देखते हैं कि बहुत सारे workers काम को बीच से रोककर तंबाकू आदि खाने लगते हैं.अगर हाथ में chemical लगा हो तो शरीर के अंदर जा सकता है और दुर्घटना का कारण बन सकता है.

Color Coding –

Fire Diamond

यहाँ आप को fire diamond के माध्यम से chemical के flammability, health  risk और reactivity or explosively के बारे में बताने वाले हैं.इस fire diamond को आप ने tanker के पीछे है.इसको चार भागों में बाँट कर अलग-अलग रंगों से रंगा होता है.इसका प्रत्येक भाग tanker में उपस्थित chemical या flammable substance को खतरे को प्रदर्शित करता है.

Fire Diamond को NFPA 704 होता है.नीचे लिंक पर क्लिक कर NFPA 704 को विस्तृत रूप से पढ़ सकते हैं.

Fire Diamond या NFPA704

आइये fire diamond के माध्यम से chemical के hazardous के बारे में जानते हैं कि कौन कौन सा केमिकल कितना खतरनाक है.

अगर आप ने chemical का container देखा होगा और ध्यान दिये होंगे तो यह diamond shape का बना उपर्युक्त तस्वीर ज़रूर नज़र आयी होगी.गर नहीं आई होगी तो अब उस पर ध्यान दीजिएगा और उस container में रखे chemicalको fire diamond के माध्यम से flammability या hazardous जानने का प्रयास करिएगा जो हम आप को बताने जा रहे हैं.

  1. अगर fire diamond में लाल रंग दिया है तो इसका तात्पर्य उन container में रखे chemical की flammability को दर्शाता है अर्थात जो पदार्थ अंदर रखा गया है वह flammable  है.
  2. अगर fire diamond में blue color हैं तो इसका मतलब यह हुआ की वह chemical आप के health के लिए खतरनाक है.
  3. अगर fire diamond में yellow color दिया हुआ है इसका तात्पर्य उस container या tanker में रखा पदार्थ विस्फोट कर सकता है या जल्दी किसी chemical से react कर और खतरा उत्पन्न कर सकता है.

अब fire diamond में दिये number के meaning को समझते हैं-

Numerical Meaning-

Zero- अगर किसी की color में zero दिया है मतलब उस chemical या substances से किसी भी प्रकार का खतरा नहीं है.या फिर कह सकते हैं कि fire hazard नहीं हैं.

One-Fire diamond के किसी भी color में अगर 1 (एक) दिया है इसका मतलब उस container में रखे substances से minor खतरा है.

Two अगर fire diamond में दो लिखा है तो अप कर सकते हैं कि उस chemical से moderate hazards है.

Three-अगर 3 लिखा है मतलब उससे बड़े खतरे कि संभावना है.

Four –अगर fire diamond के अंदर 4लिखा है तो इसका मतलब severe hazards कि संभावना है या कह सकते हैं कि उसमे रखे chemical से गंभीर खतरे हो सकते हैं.

Note –Fire diamond के अंदर लिखा numerical value  बड़े हैं इसका मतलब यह हुआ है container या tanker में रखा chemical ज्यादा खतरा उत्पन्न कर सकता है.

Know about Alphabet Meaning  in Fire Diamond-

  • अगर white वाले section में “OX” लिखा है इसका मतलब यह हुआ कि Oxidizer यानि container के अंदर रखा chemical किसी दूसरे chemical से आसानी से reaction कर आक्सीजन उत्पन्न करता है और आग लगने की संभावना बढ़ जाती है.
  • Fire Diamond  के white वाले section में अगर W लिखा है इसका मतलब यह हुआ कि container के अंदर रखा chemical पानी से easily reaction कर लेता है और उससे जो heat उत्पन्न होगा वह किसी के शरीर को burn के लिए काफी होता है.
  • अगर white section में SA लिखा होता है इसका मतलब asphyxiant gas.अगर इसके संपर्क में कोई भी व्यक्ति आता है तो इसे घुटन होती है अर्थात suffocation होता है.

इस पोस्ट में-

Chemical safety rules, chemical safety kya hai, chemical safety in work place, chemical safety ke baare me,chemical safety kya hota hai, chemical safety rules in hindi आदि के बारे में दिया है.

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